एमसीबी/20 जुलाई 2026/ जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के तीनों विकासखंड मनेंद्रगढ़, खड़गवां एवं भरतपुर की ग्राम पंचायतों में पशुपालन विभाग के मार्गदर्शन एवं सहयोग से पशु सखियां पशुधन संरक्षण एवं संवर्धन की दिशा में सराहनीय कार्य कर रही हैं। पशु सखियां गांव-गांव पहुंचकर पशुओं का नियमित टीकाकरण, उपचार तथा आवश्यक दवाइयों का वितरण कर पशुपालकों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध करा रही हैं।

ग्राम पंचायत केवटी में पशु सखी द्वारा फिरोजा की बीमार बकरी का उपचार किया गया। ग्राम पंचायत बरौता में पशु सखी बाबी दास ने सविता एवं नानबाई के पशुओं को किलनी एवं पिस्सू से बचाव की दवा उपलब्ध कराई। ग्राम पंचायत दुगला में नसीमा दीदी के यहां पशु सखी ने पशु चिकित्सक के सहयोग से 10 बकरी-बकरों का टीकाकरण कराया।
ग्राम घोड़बंधा (बिछलीपार) में पशु सखी रूचिता द्वारा बैल, भैंसा एवं बकरियों का टीकाकरण कराया गया। ग्राम केसौड़ा में पशु सखी शशिकला ने श्रीराम के पशुओं को किलनी एवं पिस्सू से बचाव की दवा उपलब्ध कराई। ग्राम सिरखोला में पशु सखी कुसुम ने पशुओं को कैल्शियम सिरप पिलाकर उनके स्वास्थ्य की देखभाल की।

इसी प्रकार ग्राम पंचायत घटई में पशु सखी रोशनी सिंह द्वारा 20 भैंसों का टीकाकरण कराया गया। वहीं ग्राम पंचायत गरूड़डोल के ग्राम बालशिव में पनेशिया फूल कुंवर के पशु को दस्त (डायरिया) से बचाव हेतु आवश्यक उपचार एवं इंजेक्शन उपलब्ध कराया गया।

पशु सखियां पशुपालन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर गांवों में बकरियों एवं अन्य पशुओं का नियमित टीकाकरण कराने के साथ-साथ दस्त (डायरिया), किलनी, पिस्सू एवं अन्य बीमारियों से बचाव के लिए आवश्यक दवाइयां भी उपलब्ध करा रही हैं। साथ ही पशुपालकों को पशुओं के उचित पोषण, स्वच्छता एवं समय पर उपचार के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है।

पशु सखियों की इस सक्रिय भूमिका से ग्रामीण क्षेत्रों में पशुधन का स्वास्थ्य बेहतर हो रहा है, पशुओं में बीमारियों की रोकथाम सुनिश्चित हो रही है तथा पशुपालकों की आय एवं आजीविका को भी मजबूती मिल रही है। जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में पशुपालन विभाग और पशु सखियों का यह समन्वित प्रयास ग्रामीण पशुपालन को नई दिशा देने की सफल पहल साबित हो रहा है।

