
एमसीबी/20 जुलाई 2026/ लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा संचालित जल जीवन मिशन ग्रामीण क्षेत्रों में केवल नल कनेक्शन उपलब्ध कराने की योजना नहीं, बल्कि लोगों के जीवन स्तर में व्यापक बदलाव का माध्यम बन रहा है। “हर घर नल से जल” अभियान के सफल क्रियान्वयन से जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के विकासखंड मनेन्द्रगढ़ अंतर्गत ग्राम पंचायत पाराडोल में भी खुशियों की नई धारा बहने लगी है। इस बदलाव की सजीव मिसाल हैं ग्राम की निवासी आशादेवी जिनका जीवन अब पहले की तुलना में कहीं अधिक आसान, सुरक्षित और सुखद हो गया है।
आशादेवी बताती हैं कि कुछ समय पहले तक उनके परिवार की दिनचर्या का एक बड़ा हिस्सा केवल पानी की व्यवस्था करने में ही बीत जाता था। स्वच्छ पेयजल के लिए उन्हें रोजाना लंबी दूरी तय कर कुएं और हैंडपंप से पानी लाना पड़ता था। गर्मी के दिनों में यह परेशानी और भी बढ़ जाती थी। पानी लाने में लगने वाले समय और कठिन परिश्रम के कारण घर के अन्य कार्य भी प्रभावित होते थे।

लेकिन जल जीवन मिशन के तहत गांव में हर घर नल से जल योजना लागू होने के बाद अब उनके घर तक नियमित रूप से स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल पहुंच रहा है। इससे न केवल पानी की समस्या पूरी तरह समाप्त हो गई है, बल्कि परिवार को शुद्ध पेयजल मिलने से स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों में भी उल्लेखनीय कमी आई है। अब बचा हुआ समय परिवार की देखभाल, बच्चों की पढ़ाई और अन्य उपयोगी कार्यों में लगाया जा रहा है।
आशादेवी कहती हैं कि अब पानी के लिए भटकना नहीं पड़ता। घर बैठे स्वच्छ पानी मिल रहा है। इससे हमारा जीवन पहले से कहीं अधिक सरल और सुविधाजनक हो गया है। यह योजना वास्तव में हमारे गांव और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य को नई दिशा दे रही है।
उन्होंने इस जनकल्याणकारी योजना के लिए माननीय प्रधानमंत्री एवं माननीय मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जल जीवन मिशन ने ग्रामीण परिवारों को सम्मान, सुविधा और बेहतर स्वास्थ्य का अमूल्य उपहार दिया है।
आज ग्राम पंचायत पाराडोल में जल जीवन मिशन केवल पेयजल उपलब्ध कराने की योजना नहीं रह गई है, बल्कि यह ग्रामीण जीवन में विकास, स्वास्थ्य, समय की बचत और महिलाओं के सशक्तिकरण का मजबूत आधार बन चुकी है। आशादेवी की कहानी इस बात का प्रमाण है कि सरकार की जनहितकारी योजनाएं जब धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू होती हैं, तो वे लोगों के जीवन में वास्तविक और स्थायी परिवर्तन लेकर आती हैं।

