दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास सोमवार शाम हुए भीषण धमाके ने राजधानी को दहला दिया। शाम करीब 6:55 बजे एक कार में अचानक जोरदार विस्फोट हुआ, जिसके बाद कार में आग लग गई और वह पूरी तरह जलकर राख हो गई। विस्फोट इतना तेज था कि आसपास खड़ी करीब आधा दर्जन गाड़ियाँ इसकी चपेट में आ गईं और बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। हादसे में अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 25 से अधिक लोग घायल हैं। सभी घायलों को दिल्ली के एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
धमाके के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। दिल्ली पुलिस की स्पेशल ब्रांच की टीम तत्काल मौके पर पहुँची और पूरे क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू कर दी। कुछ ही देर में अन्य सुरक्षा एजेंसियाँ भी मौके पर पहुँच गईं और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि धमाके की वजह और जिम्मेदारों का पता लगाया जा सके।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है और गृह मंत्री अमित शाह से पूरी जानकारी ली है। गृह मंत्री अमित शाह ने देर शाम दिल्ली पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक कर घटना की विस्तृत जानकारी प्राप्त की और कहा कि विस्फोट के हर पहलू की जांच की जा रही है। बाद में वे एलएनजेपी अस्पताल पहुंचे, जहाँ उन्होंने घायलों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली।
इस घटना के बाद मध्य प्रदेश में भी सुरक्षा एजेंसियाँ अलर्ट मोड पर आ गईं। डीजीपी कैलाश मकवाना ने सभी जिलों के पुलिस अधिकारियों को हाई अलर्ट रहने और महत्वपूर्ण स्थलों पर सुरक्षा कड़ी करने के निर्देश दिए। उनके आदेश के बाद रतलाम, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर और ग्वालियर सहित पूरे प्रदेश में देर रात तक पुलिस ने सघन जांच अभियान चलाया। रेलवे स्टेशनों, सार्वजनिक स्थलों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में संदिग्धों व वाहनों की सख्त चेकिंग की गई। रतलाम से गुजरने वाली ट्रेनों में भी सुरक्षा जांच जारी रही।
फिलहाल दिल्ली पुलिस और सुरक्षा एजेंसियाँ धमाके की वजह का पता लगाने में जुटी हैं। शुरुआती जांच में आतंकी साजिश की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा रहा है।



