छत्तीसगढ़ में 1 जुलाई से विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) (वीबी जी राम जी) लागू हो जाएगा। इसकी खास बात यह है कि जब तक ग्रामीण रोजगार गारंटी कार्ड जारी नहीं हो जाता, तब तक मनरेगा जॉब कार्ड मान्य होगा।
केंद्र सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक, वीबी जी राम जी अधिनियम लागू होने के साथ ही महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (महात्मा गांधी नरेगा) उसी तिथि से समाप्त हो जाएगा।

अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार, श्रमिकों को उनकी रोजगार मांग के अनुसार निर्धारित समय-सीमा के भीतर कार्य उपलब्ध कराया जाएगा। ऐसा न होने की स्थिति में श्रमिक बेरोजगारी भत्ता पाने के हकदार होंगे।
मजदूरी का भुगतान साप्ताहिक आधार पर अथवा मस्टर रोल बंद होने के 15 दिन के भीतर किया जाएगा। भुगतान में देरी होने पर श्रमिक विलंब क्षतिपूर्ति (मुआवजा) पाने के पात्र होंगे।

