कोरिया
जिला कोरिया बैकुण्ठपुर में नगरपालिका के लिए एक बहोत बड़ा तोहफा छ.ग प्रशासन ने नगरिय निकाय को 34600000 का तोहफा दिया है। लोगो में चर्चा है की कमीशन दो और वर्क आडर लो जानकार सूत्र बताते है कि इतना बड़ा तोहफा छोटे से जिले मे दिया गया । इससे आम जनताओ में चर्चा का बाजार गरम है । की सामने नगरीय चुनाव को देखते हूए । इतना बड़ा तोहफा देना चुनाव को संदेश देता हैं। पूर्व में भी समाचार के माध्यम से बताया गया था। की एक एक काम को दो दो, तीन तीन बार काम किया गया। की पैसा ही तो निकालना है। बिल बना बनाकर अपना ही सींमेंट है। अपना ही राड है। और सत्ता धारी व पारषद ही ठेकेदार है। शासन के पैसे का दोहन हो रहा हैं। शहर बैकुण्ठपुर में इसका भारी विरोध है। यहा तक की पारषद व शहरवासी भी इसका विरोध कर रहें है। राज्यशासन द्वारा जितने भी कार्य की स्वीकृती दी गई हैं। वे सभी कार्य पूर्व से घटिया हुए है। जब शासन के मंत्रियो को अपने ही पार्टी को फायदा देना ही था तो कीसी भी रूप में उस पैसे को दिया जा सकता था। कुछ छुटभईया जिनकी उर्म नहीं हैं। पर मख्खन लगाने में आगे हैं।

कोरिया में पत्रकार कम दलाल ज्यादा क्योकि इससे सस्ता रोजगार कहा मिलेगा आज यहा तक की प्रशासन पर दलाल व चापलूस हावी है। चापलूसी में हाथ में माइक पकड़ कर खुलेआम वसूल रहे। पैसा प्रषासन के सभी कार्यालयो में व एस पी कलेक्टर के यहा भी आव भगत ज्यादा है।
एक मामला एक पंचायत में दो लाख के उपर मं जिस व्यक्ति ने बिल व अपना र,नाम व मों. नम्बर दिया उसी का दस्तावेज को कोरिया कलेक्टर के व्हाट्सअप पे भेजा गया।
डसी सम्बंध में मों. पर भी बताया गया। उसके बाद जवाब मिलता हैं। की आपआफिस में आकर षिकायत कीजिए । ऐ सोचने वाली बात है। और आम जनता को सोचने के लि ए विवश कर दिया।
आज बैकुण्ठपूर में देखने को मिलता है । पूर्व में स्वर्गीय कोरिया कुमार कहते थे। जिनके पास साइकिल नहीं थी। आज वह देखने को मिल रहा है कि अपने घर से एक फलांग भी नहीं चला करते और पान खाने इनोवा कार से पान खाने आते हैं। यह सोचने वाली बात है। की नगरपालिका के शासकीय धन का दोहन हो रहा हैं। और का विनास हा रहा है। क्या प्रषासन ऐसे लोगो पर जो की पासर्द होकर ठेकेदारी कर सकता हैं।
जो राज्य शासन कोरिया जिले के नगरपालिका को धन राषि दिया हैं। इससे साबित हो रहा है। की नगरपालिका का चुनाव समय पर न होकर के चुनाव को आगे बढ़ाया जा रहा हैं।
यह समाचार शहर के लोगो के विचारधारा के अनुसार है?
आगे की बात जानकारी के बाद।

