Home कोरिया कोरिया (छत्तीसगढ़)-“खुरहा-चपका उन्मूलन की दिशा में बड़ा कदम: कोरिया जिला प्रशासन ने...

कोरिया (छत्तीसगढ़)-“खुरहा-चपका उन्मूलन की दिशा में बड़ा कदम: कोरिया जिला प्रशासन ने 38 हजार पशुओं का किया टीकाकरण, पशुपालकों को बड़ी राहत” भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना को जमीनी स्तर पर सफल बनाने में कोरिया जिला प्रशासन और पशु चिकित्सा विभाग की सराहनीय पहल……………

31
0

विशेष समाचार नीलेश सोनी

कोरिया (छत्तीसगढ़)।

भारत सरकार द्वारा संचालित पशु स्वास्थ्य सुरक्षा की महत्वाकांक्षी योजना के अंतर्गत खुरहा-चपका (एफएमडी) रोग के नियंत्रण हेतु कोरिया जिला प्रशासन ने उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। उपसंचालक, पशु चिकित्सा सेवाएं के मार्गदर्शन में विकासखंड सोनहत क्षेत्र में व्यापक स्तर पर टीकाकरण अभियान चलाया गया, जिसमें लगभग 38,000 पशुओं का सफल टीकाकरण किया गया है।

इस अभियान से क्षेत्र के करीब 11,000 पशुपालकों को प्रत्यक्ष लाभ मिला है। शेष बचे पशुओं का टीकाकरण कार्य भी निरंतर जारी है, जिससे यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि कोई भी पशु इस संक्रामक रोग से अछूता न रहे।

खण्ड पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. चंदे ने जानकारी देते हुए बताया कि खुरहा-चपका एक अत्यंत संक्रामक विषाणुजनित रोग है, जो पशुओं के आपसी संपर्क तथा मखियों के माध्यम से तेजी से फैलता है। हालांकि इस रोग से मृत्यु दर अपेक्षाकृत कम होती है, लेकिन दुधारू पशुओं में दूध उत्पादन में भारी कमी आ जाती है

और कृषि कार्य में लगे पशु भी काम करने में अक्षम हो जाते हैं, जिससे पशुपालकों को गंभीर आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है।

उन्होंने बताया कि इस स्थिति को ध्यान में रखते हुए विभाग द्वारा डोर-टू-डोर टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में पशु स्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में एक मजबूत कदम है।

विभाग द्वारा लगातार जागरूकता अभियान भी चलाए जा रहे हैं, जिससे पशुपालकों को समय पर टीकाकरण के महत्व की जानकारी मिल सके।

जिला प्रशासन एवं पशु चिकित्सा विभाग की इस सक्रियता की क्षेत्रीय स्तर पर व्यापक सराहना हो रही है। यह पहल न केवल पशुधन की सुरक्षा सुनिश्चित कर रही है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

प्रशासन की अपील:

जिला प्रशासन ने सभी पशुपालकों से अपील की है कि जब भी विभाग द्वारा टीकाकरण अभियान चलाया जाए, वे अपने पशुओं का अनिवार्य रूप से टीकाकरण कराएं, ताकि खुरहा-चपका जैसी गंभीर बीमारी से पशुधन को सुरक्षित रखा जा सके।

कोरिया जिले में चलाया गया यह अभियान देश के अन्य जिलों के लिए भी एक प्रेरणास्रोत बन सकता है, जहां प्रशासनिक इच्छाशक्ति और विभागीय समन्वय के माध्यम से जनहितकारी योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। :::

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here