खबर: निलेश सोनी
रायपुर/
छत्तीसगढ़ राज्य अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (CREDA) से जुड़े 560 क्लस्टर तकनीशियनों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है।
लंबे समय से सेवा बहाली की मांग कर रहे तकनीशियनों के मामले में अब प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिससे सैकड़ों परिवारों को नई उम्मीद जगी है।
जानकारी के अनुसार, ये तकनीशियन राज्य में जल, जमीन और जंगल से जुड़े विभिन्न विकास कार्यों के संचालन, रख-रखाव और मॉनिटरिंग में अहम भूमिका निभाते रहे हैं।
लेकिन पिछले कुछ समय से फंड की कमी और नए नियमों के कारण उनकी सेवाएं प्रभावित हुई थीं, जिससे उन्हें आर्थिक संकट का सामना, सामना करना पड़ा।

15 अप्रैल 2026 को रायपुर स्थित मुख्यालय में तकनीशियनों ने अधिकारियों के साथ बैठक कर अपनी समस्याएं रखीं।
इस दौरान विभागीय अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सेवा बहाली के लिए आवश्यक प्रस्ताव तैयार कर प्रक्रिया को तेज किया जाएगा।
सूत्रों के मुताबिक, तकनीशियनों को भविष्य में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) सहित अन्य शासकीय लाभ देने की दिशा में भी कदम उठाए जा रहे हैं। इसके लिए CREDA की गवर्निंग बॉडी की आगामी बैठक में प्रस्ताव रखा जाएगा।
बताया जा रहा है कि अप्रैल माह के अंत तक पूरी प्रक्रिया को अंतिम रूप देने का लक्ष्य रखा गया है।
इस पहल से प्रदेश के सभी 560 प्रभावित तकनीशियनों के बीच खुशी और उम्मीद का माहौल है, वहीं उनके परिवारों को भी आर्थिक स्थिरता मिलने की संभावना बढ़ गई है।
यदि यह प्रक्रिया सफलतापूर्वक लागू होती है, तो यह न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि देशभर में संविदा कर्मियों के लिए एक मिसाल बन सकती है।

