कैसे हुआ यह हैरान कर देने वाला मामला
सूरजपुर (छत्तीसगढ़) जिले के एक गांव में ऐसा वाकया सामने आया है जिसने गाँव-परिवार और पुलिस दोनों को चौंका दिया। घटनास्थल-थाना क्षेत्र मानपुर के अंतर्गत पड़ने वाला गाँव चंदरपुर। युवक का नाम है पुरषोत्तम (25 वर्ष) और वह चंदरपुर गांव का रहने वाला था।
घटना का क्रम-
प्रारंभ में, एक अज्ञात युवक का शव शनिवार को मानपुर के बायपास रोड के किनारे एक कुएँ में मिला था। शव को कपड़ों-हुलिए के आधार पर पुरुषोत्तम का ही माना गया, क्योंकि वह कुछ दिन से लापता था। परिजन ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया — शोक-माहौल था। लेकिन तीन दिन बाद (मंगलवार को) पुरुषोत्तम खुद घर वापस लौट आया, जिंदा! उसकी वापसी से परिवार में खुशी थी, लेकिन गाँव और पुलिस में हड़ कंप मच गया — अब सवाल है कि जिस शव का अंतिम संस्कार किया गया था, वह आखिर किसका था?
पुलिस की स्थिति- सूरजपुर पुलिस ने बताया है कि शव की पहचान में चूक हुई और अब जांच चल रही है। युवक ने कहा है कि वह इन तीन दिनों से अपने रिश्तेदार के घर अंबिकापुर में था।
क्यों है यह खबर बड़ी और दिलचस्प?
सामाजिक-मानव-भावनात्मक रूप से परिवार ने शोक मनाया, अंतिम संस्कार किया, और फिर अचानक खुशी में बदल गया। प्रशासन-पुलिस के लिए पहचान की प्रक्रिया में बड़ी चूक सामने आई है — शव की पहचान, अंतिम संस्कार का आधार, निगरानी की कमी आदि। ऐसे वाकये आम नहीं होते, इसलिए यह तेजी से वायरल हुआ है।



