वशिष्ठ टाइम्स | कोरिया/बैकुंठपुर
Report Nilesh Soni
गुरु घासीदास तमोर पिंगला टाइगर रिजर्व क्षेत्र के घने वनांचलों में बसे गांवों के लिए अब विकास की नई किरण दिखाई देने लगी है। वर्षों से मूलभूत सुविधाओं से वंचित ग्रामीणों को जल्द ही बिजली की सुविधा मिलने जा रही है।
जानकारी के अनुसार टाइगर रिजर्व क्षेत्र के 21 गांवों में से प्रथम चरण में 10 गांवों तक विद्युत लाइन विस्तार का कार्य किया जाएगा।
छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी द्वारा लगभग 87 किलोमीटर क्षेत्र में हाईटेंशन लाइन विस्तार के लिए करीब 14.88 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई है। लंबे समय से अंधेरे में जीवन यापन कर रहे ग्रामीणों के लिए यह योजना किसी बड़े सपने के पूरे होने जैसी मानी जा रही है।
बताया जाता है कि टाइगर रिजर्व बनने से पहले यह क्षेत्र राष्ट्रीय उद्यान के अंतर्गत आता था,
जिसके कारण यहां आधारभूत विकास कार्य प्रभावित रहे। वन क्षेत्र और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के चलते बिजली पहुंचाना चुनौतीपूर्ण बना हुआ था।
वर्तमान में कई गांवों में सोलर सिस्टम के सहारे सीमित बिजली उपलब्ध होती है, लेकिन बैटरी बैकअप और तकनीकी समस्याओं के कारण ग्रामीणों को पर्याप्त सुविधा नहीं मिल पा रही थी।
अब शासन की पहल के बाद रामगढ़ क्षेत्र के कई गांवों में स्थायी बिजली व्यवस्था की तैयारी शुरू हो गई है। विभागीय प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद लाइन विस्तार कार्य तेजी से शुरू किया जाएगा।
इससे ग्रामीणों को शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और छोटे रोजगारों में भी लाभ मिलने की उम्मीद है।
ग्रामीणों ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि आज़ादी के इतने वर्षों बाद पहली बार उन्हें विकास की मुख्यधारा से जुड़ने का अवसर मिलेगा। वनांचल क्षेत्रों में बिजली पहुंचने से बच्चों की पढ़ाई, किसानों के कार्य और ग्रामीण जीवन में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।
प्रभावित पंचायतों एवं गांवों का विवरण
आनंदपुर पंचायत – 3 गांव
दरसेर पंचायत – 2 गांव
नवाटोली पंचायत – 4 गांव
सिंघोर पंचायत – 3 गांव
उधांव पंचायत – 3 गांव
अमृतपुर पंचायत – 3 गांव
रामगढ़ पंचायत – 4 गांव
कुल मिलाकर लगभग 8722 की आबादी और 2005 से अधिक परिवार इस योजना से लाभान्वित होंगे।

