नौकरी दिलाने के नाम पर पैसों की वसूली के मामले में खुलासे के बाद अब स्वास्थ्य विभाग की भूमिका पर ही सवाल उठने लगे हैं।
सबसे बड़ी बात यह है कि परीक्षा में महज दो दिन शेष हैं, लेकिन अब तक वसूली करने वाले कथित लोगों तक विभाग की जांच नहीं पहुंच पाई है।

परीक्षा में सिर्फ दो दिन बाकी हैं। ऐसे में यदि समय रहते जांच पूरी नहीं होती, तो पूरी भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो सकते हैं।
अभ्यर्थियों का कहना है कि अगर आरोप सही हैं, तो बिना कार्रवाई के परीक्षा कराना ईमानदार उम्मीदवारों के साथ अन्याय होगा। साथ ही उनका कहना है कि विभाग की ओर से बार-बार ’’जांच की जा रही है’’ कहकर जवाब दिया जा रहा है,
इस पूरे मामले में अब अभ्यर्थियों का सब्र जवाब देता नजर आ रहा है। उनका कहना है कि स्वास्थ्य विभाग इस मामले पर लीपापोती कर रही है ऐसे में अब उनसे इमानदारी की उम्मीद करना बेमानी होगा। इसलिए अब कलेक्टर से इसकी शिकायत की जाएगी तब जाकर मामले की सच्चाई सामने आ सकती है।

