📝 *खबर (निलेश सोनी):
चकडांड आंगनबाड़ी केंद्र की बदहाल स्थिति पर गंभीर सवाल ?
महिला एवं बाल विकास विभाग, सोनहत अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्र चकडांड की जमीनी हकीकत विभागीय दावों की पोल खोलती नजर आ रही है। ?
आंगनबाड़ी परिसर के ठीक सामने लगा बच्चों का झूला पूरी तरह टूटा हुआ है,?


वहीं खेलने के अन्य सभी साधन भी जर्जर अवस्था में हैं। ?
लोहे के ढांचे में जंग लग चुकी है,?
जिससे किसी भी समय दुर्घटना की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता। ?
ग्रामीणों द्वारा बताई गई स्थिति का जब मौके पर जाकर अवलोकन किया गया, तो हालात और भी चिंताजनक पाए गए। ?
परिसर में गंदगी फैली हुई है, रखरखाव का पूर्ण अभाव दिखता है और बच्चों की सुरक्षा को लेकर कोई ठोस व्यवस्था नजर नहीं आती। ?
यह स्थिति न केवल लापरवाही को दर्शाती है, बल्कि नौनिहालों के भविष्य के साथ गंभीर खिलवाड़ भी है। ?


प्रश्न यह उठता है कि महिला एवं बाल विकास विभाग के जिम्मेदार अधिकारी आंख मूंदकर आखिर किस आधार पर व्यवस्थाओं को “संतोषजनक” बता रहे हैं। ?
क्या बच्चों की सुरक्षा और विकास विभागीय उदासीनता की भेंट चढ़ चुका है?
अब देखना यह है कि संबंधित आंगनबाड़ी परियोजना अधिकारी इस गंभीर अव्यवस्था पर कब संज्ञान लेते हैं और सुधार के लिए ठोस कदम कब उठाए जाते हैं।
आंगनबाड़ी केंद्र चक्डाड
महिला बाल विकास विभाग सोनहत

